मेरी मासूम शर्मीली दुल्हन भाग 6 – क्या आपने कभी सोचा है कि जब एक पति अपनी पत्नी के गले तक अपना लंड ले जाता है, उसे साँस लेने की भी इजाज़त नहीं देता, और उसकी गर्दन को दबाकर उसे पूरी तरह अपने कब्ज़े में ले लेता है, तो वो पल कैसा होता है? यह हिंदी सेक्स कहानी उसी पल की है जब मेरी मासूम शर्मीली दुल्हन भाग 6 में पति ने पहली बार अपनी पत्नी का गला चोदा और उसे चोक किया। शादी के छह महीने बाद की वो रात, जब सिमरन ने अपने पति को अपनी हर साँस सौंप दी, और रोहन ने उसे वो एहसास दिलाया कि अब वो पूरी तरह से उसकी है — हर साँस, हर धड़कन, हर चीख। डर, आत्मसमर्पण, साँस की कमी का रोमांच, और प्यार से भरी यह दास्ताँ उस पल की है जब सिमरन ने अपने पति के हाथों में अपनी ज़िंदगी सौंप दी। अगर आपको थ्रोट फकिंग, चोकिंग, गला चोदना, सबमिसिव पत्नी, और पति-पत्नी के गहरे भरोसे की कहानियाँ पसंद हैं, तो यह दास्ताँ सिर्फ आपके लिए है।
भाग 1: मेरी मासूम शर्मीली दुल्हन भाग 6 – छह महीने का सफर और एक नई हद
शादी को छह महीने बीत चुके थे। ये छह महीने हमारी ज़िंदगी के सबसे खूबसूरत, सबसे गर्म, और सबसे यादगार महीने थे। सिमरन अब पूरी तरह से मेरी हो चुकी थी — शरीर से, दिल से, और आत्मा से। उसने पिछले छह महीनों में बहुत कुछ सीखा था। मेकआउट से लेकर ओरल सेक्स तक, फेस फकिंग से लेकर 69 पोज़िशन तक, टिटी फकिंग से लेकर बेरहम चुदाई तक — सब कुछ। उसकी गोरी कांच जैसी त्वचा पर मेरे प्यार और हवस के निशान थे, और उसकी गुलाबी चूत अब मेरे लंड की आदी हो चुकी थी। वो अब मेरी मासूम शर्मीली दुल्हन से मेरी प्यासी, सबमिसिव पत्नी बन चुकी थी।
पिछले महीने हमने एक ऐसी रात बिताई थी जिसे न तो मैं भूल सकता था और न ही सिमरन। उस रात मैंने उसे पूरी रात बेरहमी से चोदा था, उसकी चूत को पूरी तरह नष्ट कर दिया था। सिमरन ने पूरी रात मेरे हर धक्के को सहा था, हर दर्द को प्यार समझकर स्वीकार किया था। उस रात के बाद हमारा रिश्ता और भी गहरा हो गया था, और सिमरन मुझसे और भी ज़्यादा प्यार करने लगी थी।
लेकिन मैं अभी भी कुछ और करना चाहता था। मैंने बहुत सारी पोर्न देखी थी, और मेरे दिमाग में बहुत सारी फैंटेसी थीं। मैं सिमरन का गला चोदना चाहता था — थ्रोट फकिंग। मैं उसकी गर्दन दबाना चाहता था — चोकिंग। मैं चाहता था कि वो पूरी तरह से मेरे कब्ज़े में हो, मेरी हर बात माने, और मुझे अपनी हर साँस सौंप दे। ये सब बहुत ही ज़्यादा इंटेंस था, और मैं जानता था कि सिमरन के लिए ये आसान नहीं होगा। लेकिन मैं ये भी जानता था कि वो मुझसे बहुत प्यार करती है, और मेरे लिए कुछ भी कर सकती है।
एक दिन मैंने सिमरन से कहा, “सिमरन, मैं तुम्हें कुछ और सिखाना चाहता हूँ।”
वो घबरा गई। “क्या?”
“थ्रोट फकिंग,” मैंने कहा। “मैं अपना लंड तुम्हारे गले के अंदर तक डालूँगा। और तुम्हारी गर्दन भी दबाऊँगा।”
सिमरन का चेहरा लाल हो गया। वो बोली, “गले में? वो तो बहुत मुश्किल होगा… मुझे साँस नहीं आएगी…”
“मैं तुम्हारा ध्यान रखूँगा,” मैंने उसका हाथ पकड़कर कहा। “जब भी तुम्हें लगे कि बहुत हो रहा है, तो तुम मुझे इशारा कर देना। मैं रुक जाऊँगा। लेकिन मैं चाहता हूँ कि तुम मुझ पर भरोसा करो।”
वो हिचकिचाई, लेकिन फिर मान गई। “ठीक है… लेकिन धीरे से करना…”
“बिल्कुल धीरे से,” मैंने कहा। “पहले धीरे-धीरे सीखेंगे, फिर तुम्हें अच्छा लगने लगेगा।”
सिमरन मुस्कुराई। “मुझे पता है कि तुम मुझे कभी चोट नहीं पहुँचाओगे।”
“कभी नहीं,” मैंने कहा और उसे गले लगा लिया।
भाग 2: मेरी मासूम शर्मीली दुल्हन भाग 6 – थ्रोट फकिंग की तैयारी और पहला कदम
उस रात हमने पहले बहुत सारा फोरप्ले किया। मैंने सिमरन को चूमा, उसके स्तन दबाए, उसकी चूत चाटी, और उसे चरमसुख तक पहुँचाया। फिर सिमरन ने मेरा लंड चूसा — जड़ से टोपे तक, बहुत प्यार से। मेरा लंड अब पूरी तरह खड़ा था — लंबा, मोटा, और बहुत गर्म। उसकी लार मेरे लंड पर फैल गई थी, और मेरा लंड चमक रहा था।
अब बारी थी थ्रोट फकिंग की। मैंने सिमरन को बिस्तर पर लिटाया, उसका सिर बिस्तर के किनारे पर लटका दिया, और उसके सिर के ऊपर खड़ा हो गया। उसकी गर्दन हल्की सी पीछे की तरफ झुकी हुई थी, और उसका मुँह मेरे लंड के बिल्कुल सामने था। ये पोज़िशन थ्रोट फकिंग के लिए सबसे अच्छी होती है — क्योंकि इससे लंड सीधे गले में जाता है।
“तैयार हो?” मैंने पूछा।
सिमरन ने आँखें बंद कर लीं और धीरे से सिर हिलाया — हाँ में। मैंने अपना लंड उसके होंठों पर रगड़ा, और उसने अपना मुँह खोल दिया। मैंने धीरे-धीरे अपना लंड उसके मुँह में डाला — पहले सिर्फ टोपा, फिर थोड़ा और, फिर और। सिमरन के मुँह का नर्मपन और गर्माहट ने मुझे पागल कर दिया। मैंने उसके सिर को दोनों हाथों से पकड़ा, और धीरे-धीरे अपने लंड को उसके मुँह में आगे-पीछे करने लगा।
“आराम से… साँस नाक से लो…” मैंने कहा।
सिमरन ने मेरी बात मानी। उसने नाक से साँस लेना शुरू किया, और मैंने अपने लंड को उसके मुँह में और गहराई तक धकेला। अब मेरा लंड उसके गले तक पहुँच रहा था। सिमरन के गले ने मेरे लंड को कस लिया, और मुझे बहुत अच्छा लगा। उसका गला बहुत टाइट था, बहुत गर्म था, और बहुत ही गीला था — उसकी लार से।
“उफ़्फ़… सिमरन… तुम्हारा गला… कितना अच्छा है…” मैं कराह उठा।
मैंने अपनी रफ्तार थोड़ी बढ़ाई। अब मैं उसके मुँह और गले को चोद रहा था — धीरे-धीरे, लेकिन लगातार। मेरा लंड उसके होंठों से होता हुआ उसके गले तक जा रहा था, और हर बार जब मेरा लंड उसके गले में जाता, तो उसका गला कस जाता था। सिमरन की आँखों से पानी निकल रहा था, और उसकी लार मेरे लंड पर बह रही थी। लेकिन उसने मुझे रोका नहीं। वो पूरी तरह मेरे साथ थी।
भाग 3: मेरी मासूम शर्मीली दुल्हन भाग 6 – गहरी थ्रोट फकिंग और साँस का खेल
कुछ देर बाद मैंने सिमरन से कहा, “सिमरन, अब मैं और गहराई तक जाऊँगा। जब भी तुम्हें साँस लेने की ज़रूरत हो, तो मेरी जाँघ को दबा देना। मैं रुक जाऊँगा।”
“ठीक है…” उसने कहा।
मैंने अपने लंड को उसके मुँह में पूरी तरह घुसा दिया — जड़ तक। मेरा लंड उसके गले के अंदर था, और उसकी नाक मेरे पेट से सटी हुई थी। सिमरन का गला मेरे लंड को कस रहा था, और मुझे बहुत ही ज़्यादा अच्छा लग रहा था। मैंने अपने कूल्हों को हिलाना शुरू किया — धीरे-धीरे पहले, फिर थोड़ा तेज़। मेरा लंड उसके मुँह और गले में आगे-पीछे हो रहा था, और सिमरन की लार फर्श पर टपक रही थी।
“उफ़्फ़… सिमरन… तुम कितनी अच्छी हो…” मैं कराह रहा था। “तुम्हारा गला… कितना टाइट है… कितना गर्म है…”
सिमरन कुछ नहीं बोल पा रही थी — उसका मुँह भरा हुआ था। वो सिर्फ अपनी नाक से साँस ले रही थी, और उसकी आँखों से आँसू बह रहे थे। लेकिन उसने मुझे रोका नहीं। वो मेरी बात मान रही थी, और मुझे अपना गला चोदने दे रही थी। उसकी गोरी कांच जैसी त्वचा अब पसीने से चमक रही थी, और उसके चेहरे पर एक अजीब सी शांति थी — जैसे उसने पूरी तरह से आत्मसमर्पण कर दिया हो।
मैंने अपनी रफ्तार और बढ़ाई। अब मैं उसके गले को ज़ोरों से चोद रहा था। मेरे लंड के टोपे उसके गले के अंदर जा रहे थे, और उसकी लार मेरे बॉल्स तक बह रही थी। मेरी साँसें तेज़ हो गईं, मेरा शरीर गर्म हो गया, और मुझे लगा कि मैं अब झड़ने वाला हूँ।
“सिमरन… मैं झड़ने वाला हूँ…” मैंने कहा। “तुम्हारे गले में झड़ूँ?”
सिमरन ने अपना सिर हिलाया — हाँ में। मैंने अपने लंड को उसके गले में और गहराई तक धकेला, और झड़ गया। मेरा माल सीधे उसके गले के अंदर गया — उसे निगलने की भी ज़रूरत नहीं पड़ी, माल सीधे उसके पेट में चला गया। सिमरन का शरीर काँप उठा, और उसकी आँखों से और आँसू बह निकले। लेकिन उसने मुझे रोका नहीं।
जब मैंने अपना लंड बाहर निकाला, तो सिमरन ने गहरी साँस ली — जैसे वो डूबने के बाद पानी से बाहर आई हो। वो हाँफ रही थी, और उसकी लार उसके चेहरे पर फैल गई थी। लेकिन उसकी आँखों में एक नई चमक थी — गर्व की, तृप्ति की, और प्यार की।
“ये… ये बहुत इंटेंस था…” सिमरन ने कहा।
“तुमने बहुत अच्छा किया,” मैंने उसके माथे पर चुम्बन लिया। “मुझे तुम पर गर्व है।”
भाग 4: मेरी मासूम शर्मीली दुल्हन भाग 6 – पहली बार चोकिंग का अनुभव
थ्रोट फकिंग के बाद हम दोनों थोड़ा आराम करना चाहते थे, लेकिन मैं अभी भी पूरी तरह शांत नहीं हुआ था। मेरे अंदर एक और चीज़ करने की हवस थी — चोकिंग। मैं सिमरन की गर्दन दबाना चाहता था, उसे साँस के लिए तड़पते देखना चाहता था, और उसे ये एहसास दिलाना चाहता था कि उसकी हर साँस मेरे हाथ में है।
“सिमरन, अब मैं तुम्हारी गर्दन दबाऊँगा,” मैंने कहा।
सिमरन घबरा गई। “गर्दन? वो तो खतरनाक हो सकता है…”
“नहीं, बिल्कुल नहीं,” मैंने कहा। “मैं बहुत ध्यान से करूँगा। बस हल्का सा दबाऊँगा, ताकि तुम्हें एक अलग एहसास हो। जब भी तुम्हें लगे कि बहुत हो रहा है, तो मेरे हाथ पर थप्पड़ मार देना। मैं तुरंत छोड़ दूँगा।”
वो हिचकिचाई, लेकिन फिर मान गई। “ठीक है… लेकिन बहुत ध्यान से…”
“बिल्कुल,” मैंने कहा।
मैंने सिमरन को बिस्तर पर लिटाया, उसके ऊपर झुका, और अपना एक हाथ उसकी गर्दन पर रखा। उसकी गर्दन बहुत ही नर्म थी, बहुत ही गोरी थी, और बहुत ही खूबसूरत थी। मैंने उसकी गर्दन को हल्के से दबाया — बस थोड़ा सा। सिमरन की साँसें तेज़ हो गईं, और उसकी आँखें चौड़ी हो गईं। लेकिन उसने मुझे रोका नहीं।
“कैसा लग रहा है?” मैंने पूछा।
“अजीब…” उसने कहा। “लेकिन अच्छा भी…”
मैंने उसकी गर्दन को थोड़ा और दबाया। अब सिमरन की साँसें रुकने लगीं, और उसके चेहरे पर एक अजीब सी तड़प आ गई। उसकी आँखें बंद हो गईं, और उसके होंठ खुल गए — जैसे वो साँस लेने की कोशिश कर रही हो। मैंने उसकी गर्दन को कुछ सेकंड तक दबाए रखा, और फिर छोड़ दिया। सिमरन ने गहरी साँस ली, और उसका शरीर काँप उठा।
“उफ़्फ़… ये… ये बहुत अलग है…” वो बोली।
“अच्छा लगा?” मैंने पूछा।
“हाँ…” उसने कहा। “जब तुमने छोड़ा, तो साँस लेने में जो राहत मिली… वो बहुत अच्छी थी…”
“तो फिर हम इसे और करेंगे,” मैंने कहा। “लेकिन धीरे-धीरे।”
भाग 5: मेरी मासूम शर्मीली दुल्हन भाग 6 – चोकिंग और चुदाई का संगम
अब मैंने चोकिंग और चुदाई को साथ में करने की सोची। मैंने सिमरन को मिशनरी पोज़िशन में लिटाया, उसके पैर अपने कंधों पर रखे, और उसकी चूत में अपना लंड डाला। फिर मैंने अपना एक हाथ उसकी गर्दन पर रखा, और दूसरे हाथ से उसके दूध को दबाया। जब मैंने उसे ज़ोर से चोदा, तो मैंने उसकी गर्दन को भी हल्के से दबाया। सिमरन की साँसें रुक गईं, और उसकी चूत ने मेरे लंड को बहुत ज़ोर से कस लिया।
“उफ़्फ़… सिमरन… तुम्हारी चूत… कितनी टाइट हो गई है…” मैं कराह उठा।
सिमरन कुछ नहीं बोल पाई — उसकी गर्दन दबी हुई थी। वो सिर्फ अपनी आँखों से मुझे देख रही थी, और उसकी आँखों में प्यार था, भरोसा था, और एक गहरी हवस थी। मैंने उसकी गर्दन को कुछ सेकंड तक दबाए रखा, और फिर छोड़ दिया। सिमरन ने गहरी साँस ली, और उसकी चूत ने मेरे लंड को और भी ज़ोर से कस लिया।
“रोहन… ये… ये बहुत अच्छा है…” वो हाँफते हुए बोली। “जब तुम मेरी गर्दन दबाते हो… तो मेरी चूत और भी टाइट हो जाती है…”
“मुझे पता है,” मैंने कहा। “इसीलिए मैं ये कर रहा हूँ।”
मैंने उसकी गर्दन को फिर से दबाया, और इस बार ज़्यादा देर तक। सिमरन की साँसें रुक गईं, और उसका शरीर मेरे नीचे तड़पने लगा। उसकी चूत ने मेरे लंड को इतनी ज़ोर से कसा कि मुझे लगा कि मेरा लंड उसकी चूत में ही कट जाएगा। मैंने उसे ज़ोर-ज़ोर से चोदा, और उसकी गर्दन को दबाए रखा। कुछ सेकंड बाद मैंने छोड़ दिया, और सिमरन ने गहरी साँस ली।
“रोहन… मैं आ रही हूँ…” वो चीखी। और फिर उसका शरीर काँप उठा। उसकी चूत ने मेरे लंड को बहुत ज़ोर से कसा, और उसके रस की एक तेज़ धार निकली। मैंने भी उसी समय झड़ गया — उसकी चूत के अंदर ही।
भाग 6: मेरी मासूम शर्मीली दुल्हन भाग 6 – थ्रोट फकिंग और चोकिंग का नया स्तर
अगले कुछ दिनों में हमने थ्रोट फकिंग और चोकिंग को और भी बेहतर तरीके से करना सीखा। सिमरन अब पहले से ज़्यादा सहज थी, और उसे ये सब पसंद भी आने लगा था। वो अब खुद मुझसे कहती, “रोहन, आज फिर से मेरा गला चोदो।” और मैं उसकी बात मान लेता।
एक रात हमने कुछ नया करने की सोची। मैंने सिमरन को बिस्तर पर लिटाया, उसका सिर बिस्तर के किनारे पर लटकाया, और उसके मुँह में अपना लंड डाला। फिर मैंने अपना एक हाथ उसकी गर्दन पर रखा, और दूसरे हाथ से उसके स्तन को दबाया। जब मैंने उसके गले को चोदा, तो मैंने उसकी गर्दन को भी हल्के से दबाया। अब सिमरन की साँसें पूरी तरह से मेरे हाथ में थीं — मैं जब चाहता, उसे साँस लेने देता, और जब चाहता, उसकी साँसें रोक देता।
“सिमरन… तुम्हारा गला… और तुम्हारी गर्दन… दोनों मेरे कब्ज़े में हैं…” मैंने कहा। “अब तुम पूरी तरह से मेरी हो।”
सिमरन कुछ नहीं बोल पाई — उसका मुँह भरा हुआ था। वो सिर्फ अपनी आँखों से मुझे देख रही थी, और उसकी आँखों में आँसू थे — लेकिन वो आँसू दर्द के नहीं, बल्कि आत्मसमर्पण के थे। वो पूरी तरह से मेरी हो चुकी थी, और मैं उसका मालिक था।
मैंने उसके गले को और ज़ोर से चोदा, और उसकी गर्दन को और कसकर दबाया। सिमरन की लार फर्श पर टपक रही थी, और उसकी आँखों से आँसू बह रहे थे। लेकिन उसने मुझे रोका नहीं। वो पूरी तरह से मेरे साथ थी, और मुझे अपना सब कुछ सौंप चुकी थी।
कुछ देर बाद मैंने उसकी गर्दन छोड़ी, और उसके गले से अपना लंड बाहर निकाला। सिमरन ने गहरी साँस ली, और फिर मेरे लंड को चूसने लगी — जड़ से टोपे तक। मैंने उसके सिर को पकड़ा, और उसके मुँह में झड़ गया। सिमरन ने मेरा पूरा माल निगल लिया, और मेरे लंड को चाट-चाटकर साफ कर दिया।
“रोहन… मैं तुमसे बहुत प्यार करती हूँ…” उसने कहा।
“और मैं तुमसे,” मैंने कहा। “तुम मेरी सबसे अच्छी पत्नी हो, सिमरन।”
भाग 7: मेरी मासूम शर्मीली दुल्हन भाग 6 – चोकिंग के साथ बेरहम चुदाई
अगले दिन सिमरन ने मुझसे कहा, “रोहन, आज मैं चाहती हूँ कि तुम मुझे चोकिंग के साथ बेरहमी से चोदो।”
मैं चौंक गया। “सच में?”
“हाँ,” उसने कहा। “कल रात के बाद मुझे ये बहुत पसंद आया। जब तुम मेरी गर्दन दबाते हो, तो मुझे लगता है कि मैं पूरी तरह से तुम्हारी हूँ। और वो एहसास… बहुत अच्छा है।”
“ठीक है, रानी,” मैंने कहा। “आज मैं तुम्हें वो सब दूँगा जो तुम चाहती हो।”
उस रात मैंने सिमरन को मिशनरी पोज़िशन में लिटाया, और उसकी चूत में अपना लंड डाला। फिर मैंने उसकी गर्दन को दबाया, और उसे ज़ोर-ज़ोर से चोदना शुरू किया। सिमरन की साँसें रुक गईं, और उसकी चूत ने मेरे लंड को बहुत ज़ोर से कस लिया। मैंने उसकी गर्दन को कुछ सेकंड तक दबाए रखा, और फिर छोड़ दिया। सिमरन ने गहरी साँस ली, और मैंने उसे और ज़ोर से चोदा।
“रोहन… और ज़ोर से…” सिमरन चीख रही थी। “मुझे और चाहिए…”
मैंने उसकी गर्दन को फिर से दबाया, और उसे और ज़ोर से चोदा। अब मैं उसे पूरी ताकत से चोद रहा था, और उसकी गर्दन भी दबा रहा था। सिमरन की चूत मेरे लंड को कस रही थी, और उसका शरीर मेरे नीचे तड़प रहा था। कुछ देर बाद सिमरन चरमसुख पर पहुँची — उसका शरीर काँप उठा, और उसकी चूत ने मेरे लंड को बहुत ज़ोर से कसा। मैंने भी उसी समय झड़ गया — उसकी चूत के अंदर ही।
भाग 8: मेरी मासूम शर्मीली दुल्हन भाग 6 – गहराता भरोसा और प्यार का इज़हार
उस रात के बाद हमारा रिश्ता और भी गहरा हो गया। सिमरन अब मुझ पर पहले से भी ज़्यादा भरोसा करती थी, और मैं भी उस पर। हम दोनों ने एक-दूसरे को पूरी तरह से समझ लिया था, और हमारे बीच का प्यार और भी मज़बूत हो गया था।
एक शाम, हम छत पर बैठे थे। बाहर हल्की हवा चल रही थी, और आसमान में तारे टिमटिमा रहे थे। सिमरन मेरे कंधे पर सिर रखकर बैठी थी, और मैं उसके बालों को सहला रहा था। उसकी गोरी कांच जैसी त्वचा चाँदनी में और भी चमक रही थी।
“रोहन,” उसने धीरे से कहा।
“हाँ, बोलो,” मैंने उसकी तरफ देखा।
“मैं तुमसे बहुत प्यार करती हूँ,” उसने कहा। “तुमने मुझे वो सब कुछ दिया जो मैंने कभी सोचा भी नहीं था। तुमने मुझे प्यार दिया, भरोसा दिया, और मुझे अपनी बना लिया। मैं बहुत भाग्यशाली हूँ कि तुम मेरे पति हो।”
“और मैं भाग्यशाली हूँ कि तुम मेरी पत्नी हो,” मैंने कहा। “तुमने मुझे अपना सब कुछ सौंप दिया, और मैं तुम्हें कभी निराश नहीं करूँगा।”
वो मुस्कुराई और मुझसे लिपट गई। उस पल हमने सिर्फ एक-दूसरे को महसूस किया — दिल से। हमारा रिश्ता अब सिर्फ सेक्स का नहीं था, वो प्यार, भरोसे, और सम्मान का था। और यही हमारी सबसे बड़ी ताकत थी। सिमरन अब मेरी मासूम शर्मीली दुल्हन नहीं थी — वो मेरी प्यारी पत्नी थी, जो हर दिन मुझसे और प्यार करती थी, और मैं उससे। और आने वाले दिनों में हम और भी नई चीज़ें सीखेंगे, और भी करीब आएंगे।
समाप्त — भाग 6